कौन तुम मेरे हृदय में

कौन तुम मेरे हृदय में? कौन मेरी कसक में नित मधुरता भरता अलक्षित? कौन प्यासे लोचनों में घुमड़ घिर झरता … Continue reading कौन तुम मेरे हृदय में