Middle Class Blues : मध्यम वर्ग का गाना

Middle Class Blues

We can’t complain.
We’re not out of work.
We don’t go hungry.
We eat.
The grass grows,
the social product,
the fingernail,
the past.
The streets are empty.
The deals are closed.
The sirens are silent.
All that will pass.
The dead have made their wills.
The rain’s become a drizzle.
The war’s not yet been declared.
There’s no hurry for that.
We eat the grass.
We eat the social product.
We eat the fingernails.
We eat the past.
We have nothing to conceal.
We have nothing to miss.
We have nothing to say.
We have.
The watch has been wound up.
The bills have been paid.
The washing-up has been done.
The last bus is passing by.
It is empty.
We aren’t complaining.
What are we waiting for? 

~ Hans Magnus Enzensberger

source: poemhunter.com

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मध्यम वर्ग का गाना

हम नहीं करते शिकायत

हम नहीं हैं बेरोज़गार

हम नहीं होते हैं भूखे

उगती है घास

राष्ट्रीय उत्पाद

नाखून

और अतीत

खाली हैं सड़कें

हो चुकी है सौदेबाज़ी

खामोश है भोंपू

गुज़र जायेगा सब कुछ

वसीयतें लिख दी हैं मृतकों ने

रिमझिम की तरह हो गई है बारिश

हुई नहीं है अभी तक युद्ध की घोषणा

कोई हड़बड़ी नहीं है उसके लिए

घास खाते हैं हम

राष्ट्रीय उत्पाद खाते हैं हम

अतीत खाते हैं हम

छिपाने के लिए हमारे पास कुछ नहीं

खो देने के लिए हमारे पास कुछ नहीं

कुछ कहने के लिए कुछ भी नहीं

फिर भी है हमारे पास

चाबी भर दी गई है घड़ी में

भुगतान किया जा चुका है देयकों का

हो चुकी है धुलाई

गुज़र गई है आखिरी बस

खाली है वह

शिकायत नहीं कर सकते हैं हम

कर रहे हैं हम प्रतीक्षा किसकी?

कवि : हाँस माग्नुस एंत्सेंसबर्गर

हिन्दी अनुवाद: आग्नेय

स्रोत : सदानीरा जनवरी-मार्च 2016

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Image :

ILLUSTRATION: ROBERT NEUBECKER
For an article By Charles Moore
Sept. 25, 2015 The Wall Street Journal